आईएमए में गरिमामय पासिंग आउट परेड, पास आउट हुए देश-विदेश के 525 कैडेटसैन्य अकादमी के इतिहास में जुड़ गया देश-विदेश को साढ़े 66 हजार सैन्य अधिकारी देने का गौरवदेहरादून। भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) से सालभर का कड़ा सैन्य प्रशिक्षण पूरा कर देश की रक्षा के लिए मर मिटने की शपथ लेकर 491 युवा शनिवार को बतौर अफसर थलसेना का अभिन्न अंग बन गये। इसके अलावा 14 मित्र देशों के 34 जेंटलमैन कैडेट भी पास आउट होकर अपने-अपने देश की सेना में शामिल हुए। कुल मिलाकर गरिमामय परेड में आज देश-विदेश के 525 जेंटलमैन कैडेटों ने शानदार कदमताल की। इसके बाद देहरादून स्थित प्रतिष्ठ्त सैन्य अकादमी के इतिहास में देश-विदेश की सेना को साढ़े 66 हजार से अधिक सैन्य अधिकारी देने का गौरव जुड़ गया है। इनमें 34 मित्र देशों की सेना को मिले तीन हजार से अधिक सैन्य अधिकारी भी शामिल हैं।भारतीय थलसेना के प्रमुख जनरल उपेन्द्र द्विवेदी ने बतौर रिव्यूइंग आफिसर गरिमामय परेड की सलामी ली। पासिंग आउट कोर्स के हरफनमौला जेंटलमैन कैडेट निश्कल द्विवेदी को प्रतिष्ठ्ति सोर्ड ऑफ ऑनर के साथ गोल्ड मेडल से नवाजा गया।शनिवार सुबह को आईएमए के ड्रिल स्क्वायर पर आयोजित 157वें रेगूलर कोर्स, 46वें टेक्नीकल इंट्री स्कीम व 140वें टेक्नीकल ग्रेजुएट कोर्स की दीक्षांत परेड (पीओपी) में कदमताल करते हुए 525 नौजवान पास आउट होकर बतौर अधिकारी देश-विदेश की सेना में शामिल हो गये हैं।इससे पहले रिव्यूइंग आफिसर जनरल द्विवेदी ने आईएमए के समादेशक ले. जनरल नागेन्द्र सिंह व परेड कमांडर के साथ परेड का निरीक्षण कर पासिंग आउट बैच के जेंटलमैन कैडेटों से सलामी ली।उन्होंने सेना की मुख्यधार में शामिल हो रहे युवा अफसरों को शुभकामना दी। कैडेट से सैन्य अधिकारी बनने जा रहे नौजवानों से पूरी निष्ठा, लग्न व समर्पण के साथ अपने-अपने देश की सेवा करने का आह्वान भी उन्होंने किया। कहा कि सेना में कमीशन प्राप्त करना केवल प्रशिक्षण की समाप्ति नहीं, बल्कि राष्ट्र के प्रति आजीवन कर्तव्य और निस्वार्थ सेवा की शुरुआत है।परेड उपरांत आयोजित पीपिंग व ओथ सेरेमनी में शिरकत करने के बाद सभी युवा बतौर लेफ्टिनेंट अपने-अपने देश की सेना का अभिन्न अंग बन गये। परेड के दौरान रिव्यूइंग आफिसर ने सैन्य प्रशिक्षण के दौरान श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले जेंटलमैन कैडेटों को गोल्ड, सिल्वर व ब्रांज मेडल प्रदान किए। बांग्लादेश के कैडेट मोहम्मद सफीन अशरफ को श्रेष्ठ विदेशी कैडेट का पुरस्कार दिया गया। चैंपियन कंपनी इंफाल को चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ बैनर प्रदान किया गया। अकादमी के समादेशक ले. जनरल नागेन्द्र सिंह, डिप्टी कमांडेंट समेत देश-विदेश की सेना के वरिष्ठ अधिकारी, गणमान्य व कैडेटों के परिजन भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।इन कैडेटों को मिला अवार्डसोर्ड ऑफ ऑनर निश्कल द्विवेदीगोल्ड मेडल निश्कल द्विवेदीसिल्वर मेडल बादल यादवब्रांज मेडल कमलजीत सिंहसिल्वर मेडल (टीजीसी) जाधव सुजीतसिल्वर मेडल (टीईएस) अभिनव मेहरोत्रासिल्वर मेडल (एससीओ) सुनील क्षेत्रीश्रेष्ठ विदेशी कैडेट मोहम्मद सफीन (बांग्लादेश)सीओएएस बैनर इंफाल कंपनी


