लोकजन एक्सप्रेस, देहरादून। उत्तराखंड सरकार ने शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने और विभिन्न विभागों में प्रशासनिक सुधारों की दिशा में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थानों (डायट) के ढांचे के पुनर्गठन सहित कई प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
डायट में पदों की संख्या 48 से घटाकर 44 करने का निर्णय
प्रदेश के 13 जनपदों में संचालित जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थानों के ढांचे का पुनर्गठन किया जाएगा। इसके तहत पदों की संख्या 48 से घटाकर 44 करने की मंजूरी दी गई है। साथ ही, संस्थानों में प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के लिए कुछ नए पद सृजित करने तथा कुछ पदों के पदनाम में बदलाव करने का प्रावधान किया गया है।
निजी विश्वविद्यालयों की स्थापना को लेकर अहम फैसला
कैबिनेट ने उत्तराखंड निजी विश्वविद्यालय (द्वितीय संशोधन) विधेयक, 2026 को मंजूरी दी है। इसके तहत निजी विश्वविद्यालयों द्वारा राज्य सरकार के पक्ष में जमा की जाने वाली प्रतिभूति निधि की व्यवस्था समाप्त करने का प्रस्ताव शामिल है। इसके अतिरिक्त, हरिद्वार जिले के रुड़की में उच्च शिक्षा से संबंधित नए संस्थानों की स्थापना को लेकर भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं।
मध्याह्न भोजन के लिए भूमि आवंटित
प्रधानमंत्री पोषण योजना के तहत हरिद्वार और ऊधम सिंह नगर के जनपदों में पहली से आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों को मध्याह्न भोजन उपलब्ध कराने वाली अन्नामृता फाउंडेशन को किचन स्थापित करने के लिए भूमि आवंटित करने का निर्णय लिया गया है। इससे विद्यार्थियों को भोजन उपलब्ध कराने की व्यवस्था को बेहतर बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
बालिका आवासीय विद्यालय को हाईस्कूल की मान्यता
ऊधम सिंह नगर जिले में स्थित राजकीय आश्रम पद्धति बालिका आवासीय विद्यालय को हाईस्कूल के रूप में उच्चीकृत करने को मंजूरी दी गई है। इससे विद्यालय में छात्राएं छठी से दसवीं कक्षा तक शिक्षा प्राप्त कर सकेंगी। विद्यालय में अधीक्षक के पद को समाप्त करते हुए अन्य पदों की संख्या 17 से बढ़ाकर 21 करने का निर्णय भी लिया गया है।इसके अलावा, विधवा, परित्यक्ता और निराश्रित महिलाओं के लिए भरण-पोषण अनुदान योजना का नाम बदलकर मुख्यमंत्री एकल नारी सम्मान योजना करने के प्रस्ताव को भी स्वीकृति दी गई है।
यूरेडा के जूनियर इंजीनियरों को सातवें वेतनमान का लाभ
उत्तराखंड अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण (यूरेडा) में कार्यरत कनिष्ठ अभियंताओं के वेतनमान में बढ़ोतरी का रास्ता साफ हो गया है। कैबिनेट ने कनिष्ठ अभियंताओं के ग्रेड पे को 4,200 रुपये से बढ़ाकर 4,600 रुपये करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है।इस निर्णय के बाद कनिष्ठ अभियंताओं को सातवें वेतनमान के अंतर्गत लेवल-7 में 44,900 रुपये से 1,42,400 रुपये तक का वेतनमान दिए जाने का प्रस्ताव है। इससे संबंधित कर्मचारियों को आर्थिक लाभ मिलने की उम्मीद है।


